
टॉयलेट जाना रोजमर्रा की सामान्य गतिविधि है, लेकिन कभी-कभी यह खतरनाक भी साबित हो सकता है. हांगकांग की एक महिला के साथ ठीक यही हुआ. महिला को कई दिनों से कब्ज की शिकायत थी. एक दिन जब वह पॉटी करने बैठी तो उसने इतना जोर लगाया कि अचानक उसे पिछले 10 साल की सारी यादें गायब हो गई.
महिला के बेटे ने बताया कि उनकी मां को दो हफ्ते से कब्ज था. जब वह बाथरूम में गई तो जोर लगाने के बाद उन्हें कुछ याद नहीं रहा. परिवार को जब पता चला तो वे हैरान रह गए. महिला को अस्पताल ले जाया गया. डॉक्टरों ने जांच की तो पाया कि उसकी याददाश्त अस्थायी रूप से प्रभावित हुई है. लगभग 8 घंटे तक वह पिछले 10 साल की कोई भी बात याद नहीं कर पाई. बाद में यादें धीरे-धीरे वापस लौट आईं, लेकिन उस 8 घंटे की घटना की उसे कोई याद नहीं रही.

डॉक्टरों की राय
डॉक्टरों का कहना है कि जोर लगाने से दिमाग में ब्लड फ्लो अस्थायी रूप से कम हो सकता है. इससे Transient Global Amnesia (TGA) नामक स्थिति हो सकती है, जिसमें व्यक्ति कुछ घंटों के लिए अपनी हाल की यादें भूल जाता है. यह स्थिति आमतौर पर खतरनाक नहीं होती और कुछ घंटों में ठीक हो जाती है. हालांकि, यह पहली बार नहीं है जब दिमाग पर जोर लगने से मेमोरी लॉस हुआ हो.


क्यों होता है ऐसा?
जोर लगाने से छाती और पेट पर दबाव बढ़ता है. इससे दिमाग तक पहुंचने वाले ब्लड फ्लो में अस्थायी कमी आ सकती है. खासकर कब्ज की स्थिति में यह जोर और ज्यादा लगाया जाता है, जिससे दिमाग की नसों पर असर पड़ता है. यह घटना 2019 की है, लेकिन सोशल मीडिया पर बार-बार वायरल होती रहती है. लोग मजाक में लिख रहे हैं – “पॉटी करते समय भी सावधानी बरतनी चाहिए”, “अब कब्ज होने पर भी डर लगेगा”. कुछ लोग कह रहे हैं कि यह घटना याद दिलाती है कि शरीर पर अत्यधिक दबाव कभी भी ना डालें.
