राजनांदगांव/ आरोप है कि भोज कुमार साहू अपने पदीय दायित्वों का सही ढंग से निर्वहन नहीं कर रहे थे और शासकीय कार्यों में लगातार बाधा उत्पन्न कर रहे थे। इसके अलावा उन पर उच्च अधिकारियों से अनुचित व्यवहार और वार्तालाप करने के भी आरोप लगाए गए हैं। प्रशासनिक रिपोर्ट के अनुसार, उनके द्वारा कार्यस्थल पर अनुशासनहीनता और स्वेच्छाचारिता का भी प्रदर्शन किया गया, साथ ही असामाजिक गतिविधियों में संलिप्त रहने की बात भी सामने आई है।

इन सभी कारणों को गंभीर मानते हुए प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए उन्हें निलंबित करने का निर्णय लिया। जारी आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि उनका यह आचरण छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियमों का उल्लंघन है और शासकीय कर्मचारी के रूप में अपेक्षित कर्तव्यों के विपरीत है।


इसी आधार पर उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि के दौरान भोज कुमार साहू का मुख्यालय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, पाटन जिला दुर्ग निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा, जैसा कि सेवा नियमों में प्रावधान है।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शासकीय सेवाओं में अनुशासन और जिम्मेदारी अत्यंत आवश्यक है। किसी भी प्रकार की लापरवाही सीधे तौर पर जनता को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं को प्रभावित करती है। इसी को ध्यान में रखते हुए यह कार्रवाई की गई है।

Share on

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *