



कवर्धा/पेंड्रा। प्रदेश में बुधवार को सड़क हादसों की दो अलग-अलग घटनाओं ने चिंता बढ़ा दी। कवर्धा और पेंड्रा में हुए सड़क हादसों में कुल छह लोग प्रभावित हुए। कवर्धा में बाइक और स्कूटी की टक्कर में शिक्षक समेत तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि पेंड्रा में ट्रैक्टर और बाइक की भिड़ंत में तीन युवक गंभीर रूप से घायल हो गए।
कवर्धा में बाइक-स्कूटी की भिड़ंत, तीन की मौत
कवर्धा जिले के लोहारा थाना क्षेत्र के बीचारपुर के पास बाइक और स्कूटी की जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में रणवीरपुर शासकीय स्कूल के शिक्षक श्याम चरण देवांगन की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं हादसे में घायल 18 वर्षीय देवदास मार्कंडेय ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया।

तीसरे घायल 19 वर्षीय पुनीत रात्रे की इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना की सूचना मिलने पर लोहारा पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। प्रारंभिक तौर पर तेज रफ्तार को हादसे की वजह माना जा रहा है। हालांकि दुर्घटना के वास्तविक कारणों की जांच की जा रही है।
पेंड्रा में ट्रैक्टर से बाइक की टक्कर, तीन दोस्त घायल
इधर, पेंड्रा थाना क्षेत्र में भी सड़क हादसे में तीन युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, तीनों दोस्त बस्तीबगरा के साप्ताहिक बाजार से बाइक पर अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान उनकी बाइक की ट्रैक्टर से जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में चंद्रहास मेश्राम (18), राहुल मेश्राम (18) और अमित प्रताप (16) गंभीर रूप से घायल हो गए। तीनों युवकों के पैरों में गंभीर फ्रैक्चर हुआ है। वहीं चंद्रहास मेश्राम के सिर में भी गंभीर चोट आई है।
112 की मदद से अस्पताल पहुंचाया
हादसे के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों ने 112 की मदद से तीनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद उनकी स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए बिलासपुर रेफर करने की तैयारी की जा रही है। घटना की सूचना मिलने के बाद पेंड्रा पुलिस भी मौके पर पहुंची और दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है। पुलिस दोनों वाहनों की स्थिति और हादसे की परिस्थितियों की जानकारी जुटा रही है।
सड़क हादसों ने बढ़ाई चिंता
कवर्धा और पेंड्रा में कुछ ही समय के अंतराल में हुए इन दोनों हादसों ने सड़क सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। एक हादसे में तीन लोगों की जान चली गई, जबकि दूसरे हादसे में तीन युवक गंभीर रूप से घायल हुए हैं। पुलिस दोनों मामलों में जांच कर रही है और जांच के बाद दुर्घटनाओं की वास्तविक वजह सामने आने की उम्मीद है।
