
दुर्ग। न केवल शहर बल्कि पूरा प्रदेश आज आर्य नगर निवासी गोविंद साहू के पत्नी के साथ फांसी लगाए जाने की घटना से हैरान और अवाक है. पति-पत्नी ने फांसी लगाने से पहले अपने बच्चों को भी मौत की नींद सुला दी. मौके से मिले सुसाइड नोट में गोविंद ने बताया कि क्यों उसने सपरिवार यह आत्मघाती कदम उठाया.
गोविंद ने अपने सुसाइड नोट में बताया कि आर्थिक तंगी की वजह से परेशान थे. वहीं अपने साथ-साथ बच्चों को भी मौत की नींद सुलाने की वजह बताते हुए लिखा है कि बच्चों को हमने इस दुनिया में लाया है, तो हम ही इन्हें ले जाएंगे. इसके लिए परिवार का कोई सदस्य जिम्मेदार नहीं है. पति-पत्नी ने फांसी लगाने से पहले बच्चों के मुंह में कपड़ा ठूसकर उनकी गला दबाकर हत्या कर दी थी.

मौत के पीछे सही वजह का खुलासा चारों के पीएम रिपोर्ट आने के बाद होगा. बता दें कि परिवार कुछ दिन पहले ही तिरुपति बालाजी के दर्शन करने गया था. उसके बाद कल ही पुरी में भगवान जगन्नाथ का दर्शन करके लौटा था. रात में खाना खाने के बाद बच्चों को आइसक्रीम और मिठाई खिलाकर सोने चले गए. सुबह जब 8 बजे तक परिजनों ने किसी को उठते नही देखा, तो कमरे आवाज लगाई.


आवाज नहीं आने पर जब दरवाजा खोलकर देखा तो गोविंद की माँ मौके पर ही बेहोश हो गई. बाकी परिजन भी कमरे का नजारा देखकर हैरान रह गए. दोनों बच्चों के शव नीचे बिस्तर पर पड़े थे, और पति-पत्नी नई प्लास्टिक की रस्सी से पंखे पर लटके थे. पुलिस अब पड़ताल में जुटी है, आत्महत्या के पीछे बड़ी वजह को जानने के लिए.
