
By poornima
भिलाई नगर (न्यूज़ टी 20) । रायपुर में इनकम टैक्स की टीम ने नारायणा अस्पताल में दबिश देकर उनके वृत्तीय दस्तावेजों की गहन जांच पड़ताल की है । इनकम टैक्स की 26 सदस्यीय टीम ने 48 घंटे तक चली खोजबीन में 45 करोड रुपए की टैक्स चोरी का खुलासा किया है।
अस्पताल के खिलाफ इस कार्रवाई का नेतृत्व आयकर आयुक्त (सीसीआईटी) अपर्णा करन और प्रधान इनकम टैक्स कमिश्नर (पीसी इटी) प्रदीप हेड़ऊ के डायरेक्शन में किया गया , जबकि वित्तीय जांच की प्रक्रिया में संयुक्त आयुक्त वीरेंद्र कुमार और उप आयुक्त राहुल मिश्रा का महत्वपूर्ण योगदान रहा ।
खबर है कि जांच के दौरान डॉ खेमका ने खुद स्वीकार किया कि नगद आवक को छुपाया गया है और खर्चों को बधाई चढ़ा कर दिखाया गया है ताकि जो टैक्स पे करने के लिए जो राशि है उसको कम किया जा सके ।
एक वरिष्ठ आयकर अधिकारी ने नाम न छापने के वादे पर यह बताया कि डॉक्टर सुनील खेमका ने पूछताछ के दौरान लिखा पढ़ी में गड़बड़ी की बात स्वीकार कर ली है जिस पर आयकर विभाग में उन्हें तत्काल 11 करोड रुपए अग्रिम कर जमा करने के निर्देश दिए हैं , जबकि शेष राशि पर ब्याज और अतिरिक्त दंड की गणना कर आगे की कार्रवाई की जाएगी । इनकम टैक्स की इस कार्रवाई से अन्य अस्पताल प्रबंधनों में भी हड़कंप मच गया है ।

