छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में ड्रग्स तस्करी के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक संगठित नेटवर्क का खुलासा किया है। लॉजिस्टिक गोदाम से संचालित इस सिंडिकेट के जरिए शहर और अन्य इलाकों में नशीले पदार्थों की सप्लाई की जा रही थी।
गोदाम और मकान पर एक साथ छापेमारी
कमिश्नरेट पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर गुमा गांव स्थित एक लॉजिस्टिक गोदाम और कबीर नगर इलाके के एक मकान पर एक साथ रेड मारी। इस कार्रवाई में दो संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है, जिनसे पूछताछ जारी है।
लंबे समय से थी पुलिस की नजर
पुलिस को काफी समय से इनपुट मिल रहे थे कि शहर के बाहरी इलाके में स्थित एक गोदाम को ड्रग्स सप्लाई चेन के हब के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। बीती रात योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी कर छापेमारी की गई, ताकि कोई आरोपी फरार न हो सके।
भारी मात्रा में संदिग्ध सामान जब्त
रेड के दौरान पुलिस ने बड़ी मात्रा में संदिग्ध सामग्री बरामद की है। फिलहाल जांच एजेंसियां इस बात की पुष्टि कर रही हैं कि यह सामान ड्रग्स से जुड़ा है या नहीं, लेकिन शुरुआती संकेत इस नेटवर्क के बड़े होने की ओर इशारा कर रहे हैं।
दूसरे राज्यों से जुड़े तार
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह ड्रग्स सिंडिकेट सिर्फ रायपुर तक सीमित नहीं था, बल्कि इसके तार अन्य राज्यों से भी जुड़े हुए हैं। पकड़े गए आरोपियों में से एक मुख्य सप्लायर का करीबी बताया जा रहा है, जो पहले भी ड्रग्स तस्करी के मामलों में गिरफ्तार हो चुका है।
हाईटेक तरीके से करते थे सप्लाई
पुलिस सूत्रों के अनुसार आरोपी लोकेशन मैप और चैटिंग ऐप्स का इस्तेमाल कर ड्रग्स की डिलीवरी करते थे, जिससे वे पुलिस की नजरों से बच सकें। सप्लाई के बाद तुरंत लोकेशन बदल लेते थे, जिससे ट्रैक करना मुश्किल हो जाता था।
पहले भी हुई गिरफ्तारी, अब बड़ा खुलासा संभव
तेलीबांधा पुलिस पहले ही इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है, जो दिल्ली के तस्करों के इशारे पर रायपुर में ड्रग्स सप्लाई कर रहे थे। इन्हीं की निशानदेही पर ताजा रेड की गई है।
जल्द होगा पूरे नेटवर्क का खुलासा
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ पूरी होने के बाद इस पूरे ड्रग्स नेटवर्क का बड़ा खुलासा किया जाएगा। फिलहाल मामले की गहन जांच जारी है।