नारायणपुर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित नारायणपुर जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। सुरक्षा बल के एक जवान ने कैंप के भीतर अपनी सर्विस राइफल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद पूरे कैंप में हड़कंप मच गया।
ड्यूटी के दौरान उठाया आत्मघाती कदम
जानकारी के अनुसार, यह मामला कोहकमेटा थाना क्षेत्र के कोड़नार कैंप का है। मृतक जवान की पहचान कांकेर निवासी पिंगल जूरी के रूप में हुई है, जो कैंप में आरक्षक पद पर पदस्थ था। बताया जा रहा है कि 25 दिसंबर की सुबह वह ड्यूटी पर तैनात था, तभी उसने यह आत्मघाती कदम उठाया।
अस्पताल पहुंचने से पहले हुई मौत
गोली चलने की आवाज सुनते ही साथी जवान मौके पर पहुंचे। जवान लहूलुहान हालत में पड़ा मिला, जिसके बाद उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया। हालांकि डॉक्टरों ने अस्पताल पहुंचने से पहले ही जवान को मृत घोषित कर दिया।
आत्महत्या के कारणों की जांच में जुटी पुलिस
फिलहाल जवान द्वारा यह कदम उठाने के कारण स्पष्ट नहीं हो पाए हैं। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच की जा रही है।
एक सप्ताह में दूसरी घटना से बढ़ी चिंता
गौरतलब है कि पिछले एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी घटना है। इससे पहले भी नारायणपुर में पदस्थ उत्तर प्रदेश निवासी एक बीएसएफ जवान ने इसी तरह आत्महत्या कर ली थी। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं ने सुरक्षा बलों के मानसिक स्वास्थ्य को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।